
लखनऊ 23 अक्टूबर : राजधानी लखनऊ में अब अगर कोई भी सड़क हादसे में घायल की मदद करेगा तो उसे प्रोत्साहन के तौर पर राशि 5 हजार से लेकर 1,000000 तक की राशि पुरस्कार स्वरूप दी जाएगी। लिहाजा यह शहर वासियों को अच्छे और नेक काम करने के लिए प्रेरित करेगा साथ ही साथ जो लोग यह नेक काम कर रहें उन्हें पहचान भी मिलेगी।
डर और सवाल जवाब से बचने के लिए कई लोग नहीं करते घायलों की मदद
अक्सर यह भी देखा गया है की घायल को हॉस्पिटल पहुंचने और पुलिस को खबर देने के बाद खुद बचाने वाला व्यक्ति से सकड़ों सवाल जवाब कर दिए जाते हैं ।जिससे वह बचने और परेशानी से बचने के लिए वह चाहते हुए घायलों की मदद नहीं करते परंतु अब ऐसा नहीं होगा। ना ही बचाने वाला व्यक्ति से कोई सवाल जवाब होगा ना ही उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ेगा। यह अच्छी मुहिम सरकार द्वारा चलाई गई है।
परिवहन आयुक्त धीरज साहू जी का बयान
गौरतलब है कि परिवहन आयुक्त धीरज साहू जी के अनुसार परिवहन विभाग द्वारा सड़क हादसों में घायलों की मदद करने वाले लोगों को पुरस्कृत करने का प्रस्ताव परिवहन प्रशासन द्वारा रखा गया था। जहां अब केंद्र ने संज्ञान लेते हुए केंद्र सरकार ने इसे मंजूरी दे दी है।
15 अक्टूबर से प्रदेश भर में लागू हुआ यह कानून

15 अक्टूबर से प्रदेश भर में सड़क हादसों के दौरान घायल की मदद करने वाल शख्स को गुड सेम टेरियन के तहत प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। जिस ना केवल उस मददगार का सम्मान होगा इसके साथ ही दूसरे लोगों को भी प्रेरणा मिलेगी कि वह सड़क हादसों में घायल हुए लोगों को तुरंत उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल ले जाएं या प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध करवाएं।
राष्ट्रीय स्तर पर चयनित किए जाएंगे टॉप 10 गुड सेमटेरियन
गौरतलब है कि सूत्रों के अनुसार मदद करने वाला शख्स योजना के तहत संबंधित व्यक्ति को पहले ₹5000 की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी इसके उपरांत राष्ट्रीय स्तर पर चयनित टॉप 10 व्यक्तियों को100000 की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी जिन्होंने कठिन वक्त में घायल व्यक्ति की मदद कर उसकी जान बचाने का कार्य करके एक नई जीवन प्रदान की।
लोग होंगे प्रोत्साहित एवं मिलेगी हिम्मत

सड़क पर आए दिन बड़े हादसे होते रहते हैं जहां आम जनता डर की स्थिति होने की वजह से मूकदर्शक बन सड़क के साइड से गुजर जाती है ।वही इस खबर के बाद लोग जागरूक होंगे लोग प्रोत्साहित होंगे लोग एक दूसरे की मदद करने के लिए प्रेरित होंगे जिससे समाज को एक नई दिशा मिलेगी इसके साथ ही मदद करने वाले लोग का नाम भी लाइमलाइट में आने की वजह से दूसरे लोग भी इस कार्य से प्रेरित होंगे।









