
लखनऊ अक्टूबर 9: उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम एवं उत्तर प्रदेश सरकार ने लखनऊ के चारबाग गोमती नगर डिपो समेत यूपी के कुल 17 बस डिपो को स्मार्ट व हाईटेक बनाने की दिशा में योजना बना चुकी है। पहले चरण में 17 बस डीपो तथा दूसरे चरण में 6 बस डीपो का विकास किया जायेगा। पीपीपी मॉडल की तर्ज पर बस डिपो के विकास लिए अब प्रशासन ने कमर कस ली है।आगे खबर विस्तार से ।
यूपी सरकार कैबिनेट ने टेंडर में संशोधन कर किया राह आसान

योगी सरकार कैबिनेट ने बस अड्डों के विकास के लिए टेंडर परिपथ में संशोधन करने की घोषणा की है जिसके तहत अब बिना कोई रुकावट पीपी नियमावली 2016 के अंतर्गत अनुमोदन बेड रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल कनेक्शन एग्रीमेंट पास कर दिए गए हैं जिसके तहत प्रथम चरण में 17 बस अड्डे का विकास किया जाएगा वहीं दूसरे चरण में 6 बस अड्डे का विकास किया जाएगा पीपीपी मॉडल के तहत लखनऊ के गोमती नगर व चारबाग बस डिपो के साथ ही साथ यूपी के अलग-अलग 17 बस स्टैंड पर भी कार्य किया जाएगा ।
ई टेंडर में बदलाव
ई टेंडर में मामूली बदलाव करने के बाद प्रपत्र को वेबसाइट पर अपलोड कर प्रशासन आगे की कार्यवाही को अंजाम देगी। वही बस अड्डों का विकास जल्द से जल्द होना शुरू हो इसके लिए फास्टट्रैक में काम होगा
प्रथम चरण में 17 बस अड्डों का होगा विकास वहीं दूसरे चरण में 6 का होगा विकास

गौरतलब है उत्तर प्रदेश प्रशासन पहले चरण में 7 बस डिपो का विकास पीपीपी मॉडल के तहत करेगी इसके उपरांत 6 और बस अड्डों को चिन्हित कर उन पर काम किया जाएगा।
1.गोमती नगर डिपो
2.लखनऊ का चारबाग डिपो
3.अलीगढ़
4.मथुरा
5.रसूलाबाद
6.कौशांबी
7.साहिबाबाद
8.प्रयागराज सिविल लाइन
9.कानपुर सेंट्रल
10.अमौसी लखनऊ
11.आगरा फोटो ईदगाह
12.गाजियाबाद
13.प्रयागराज
14.मेरठ
15. ट्रांसपोर्ट नगर आगरा
16. कानपूर सेंट्रल
17. गोरखपुर
इन 9 खूबियों से होंगे सुसज्जित
1.बस डिपो की नियमित सफाई
2.महिलाओं के लिए पिंक टॉयलेट की व्यवस्था
3.हेल्प डेस्क सेंटर
4.बेहतरीन सीटिंग अरेंजमेंट
5.शिकायत केंद्र
6.अग्निशामक यूटिलिटी के उपकरण
7.पुलिस हेल्प डेस्क
8.साफ पेयजल के लिए वॉटर रीसाइकलिंग
9.यात्रियों के एलइडी डिस्पल बोर्ड जिससे बसों की गतिविधि देखने में आराम मिले ।
गोमती नगर, अमौसी व चारबाग डिपो पर विशेष ध्यान देना की जरूरत
गौरतलब है की गोमती नगर,चारबाग व अमौसी डिपो को प्रशासन की विशेष ध्यान देने की जरूरत है ।वही संविदा चालक व परिचालक की कई समस्याएं हैं ।इन्हें केवल प्रशासन ही पूरा कर सकती है। गोमती नगर डिपो के अंदर कई गाड़ी जर्जर अवस्था में पड़ी हुई है। वही इस संदर्भ में प्रशासन को इसका संज्ञान लेने की अति आवश्यक है। जहां लाखों की संपत्ति ऐसे ही कचरा हो रही है। सरकार अपनी तरफ से कदम उठा रही है लेकिन इस विषय में संज्ञान लेने की आवश्यकता है। जिससे कि प्रदेश का परिवहन सेवा की स्थिति और बेहतर हो सके एवं विकास के पथ पर उत्तर प्रदेश चल सके।









