
लखनऊ 6 अक्टूबर: फूड एंड सेफ्टी डिपार्टमेंट ने लखनऊ समेत यूपी कई जिलों में बड़ा कदम उठाते हुए मैकडॉनल्ड ,डोमिनोज, पिज्जा हट को नोटिस भेजा है। जिसके तहत कोई भी दुकान तलने के लिए तीन बार से अधिक एक ही तेल का उपयोग नहीं कर पाएंगे। कई होटलों व दुकानों में नोटिस भेजा गया है। आगे खबर विस्तार से ।
तलने के लिए 3 बार से ज्यादा खाद्य तेल का इस्तेमाल करना अब वर्जित होगा
गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के कानपुर में सर्वाधिक दुकानों में इसके तहत नोटिस जारी किया गया है। लखनऊ में भी कई ऐसे दुकान है जहां नोटिस भेजने की प्रक्रिया जारी है।
सरकार की बड़ी नीति बायोडीजल

विजय प्रताप सिंह जो की फूड एंड सेफ्टी डिपार्टमेंट में अधिकारी हैं उनके अनुसार वनस्पति घी ,सरसों तेल रिफाइंड ऑयल किसी भी प्रकार के तेल में 3 बार से ज्यादा तलने पर यह दंडनीय अपराध माना जाएगा। इसी को देखते हुए फूड एंड सेफ्टी डिपार्टमेंट लखनऊ समेत उत्तर प्रदेश के 200 से अधिक खाद्य व्यापारियों को नोटिस भेजा है। जागरूकता के तहत लोगों को भी जागरूक किया जा रहा है । जिससे की स्वास्थ्य पर हानि ना आ पाए ।
फूड एंड सेफ्टी डिपार्टमेंट विभाग ने जारी किया एप ऑयल ब्रदर्स
गौरतलब है कि फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट के आला अधिकारी विजय प्रताप सिंह ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा की ऑयल ब्रदर्स ऐप के माध्यम से दुकान अब इस्तेमाल किया गए तेल को सीधा डायरेक्ट कंपनी को दे पाएंगे। कारोबारियों के लिए ऑयल ब्रदर ऐप में आवेदन करना होगा।

आवेदन करने के बाद आयल ब्रदर्स की ओर से दुकान के सामने एक केन रख दिया जाएगा कारोबारियों को 25 से 40 रुपए प्रति लीटर के हिसाब से इस्तेमाल किये गए तेल बिकेंगे।
फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अनुसार बार-बार एक ही तेल का प्रयोग किया जाना स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है बार-बार गर्म किए जाने के बाद तेल में फ्री रेडिकल्स पनपने लगते हैं जिसकी वजह से तेल में एंटीऑक्सीडेंट कम हो जाता है और कीटाणु का जन्म होता है।
इस्तेमाल तेल को बायोडीजल में तब्दील करने का अभियान जोरों पर
कचोरी, जलेबी, समोसा एवं डीप फ्राई करने वालों पर कड़ी नजर रखने के निर्देश उत्तर प्रदेश योगी सरकार पहले दे चुकी है। खाद्य प्रतिष्ठान बायोडीजल में तब्दील करेगा इसके लिए अभियान भी चलाया जाएगा ।इसकी मदद से व्यापारी प्रयोग ला चुके तेल को बायोडीजल बनने के लिए सीधा प्रशासन को भेज सकते हैं।

ऑल ब्रदर्स ऐप के माध्यम से बायोडीजल बनने के लिए तेल भेज सकते हैं। उसके बाद प्रशासन उस तेल को रिफाइनरी भेजकर बायोडीजल बनाने की प्रक्रिया को प्रारंभ कर देंगे । इससे व्यापारियों को भी नुकसान नहीं होगा वहीं दूसरी और सेहत के साथ लखनऊ वासियों का कोई खिलवाड़ नहीं होगा।
बार-बार एक ही तेल में पका हुआ खाद्य पदार्थ खाने से शरीर को होने वाले दुष्प्रभाव
आपको बता दें एक तेल को बार बार प्रयोग में लाने के बाद उसमें प्रवेश रहा ट्रांस वसा की मात्रा बढ़ती है जिसे दिल की बीमारी के खतरे के साथ अलेर्जी, कोलेस्ट्रॉल जैसे बीमारियां भी शरीर में घर लेती हैं ।









