कोरोना की तीसरी लहर से बच्चों को बचाने व उनकी रक्षा करने के लिए टीकाकरण करना बेहद आवश्यक है। गौरतलब है कि सितंबर में बच्चों के टीकाकरण की सारी व्यवस्था पूरी हो जाएगी ।अतः बच्चों के टीकाकरण का अभियान भी जोर-शोर से शुरू होगा जिसके तहत तेजी से कार्यक्रम को आगे बढ़ाया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार 15 अगस्त को बच्चों के टीकाकरण की आधिकारिक घोषणा की जा सकती है।
क्या होगी महत्वपूर्ण बातें

- गौरतलब है कि बच्चों को अधिक देर इंतजार ना करना पड़े इसके लिए प्रीफिल्ड सिरिंज पीएफएस का उपयोग किया जाएगा ।जिसके तहत पहले ऐसा देखा गया है कि 5 या 10 लोग के होने के बाद ही वैक्सीनेशन का कार्य आगे बढ़ता था ।वही बच्चों को कोई भी परेशानी ना आए इसलिए प्री फील्ड सुई का इस्तेमाल किया जाएगा।
- गौरतलब है इसमें 10 बच्चों को एक साथ इंतजार नहीं करना होगा। , 18-44 वह 44 से अधिक उम्र वालों के वैक्सीनेशन की प्रक्रिया में यह अक्सर देखा गया है, जहां 10 लोगों के होने पर वैक्सीनेशन लगाने का काम प्रारम्भ किया जाता था ।जिससे लोगों को इंतजार करना पड़ता था।
- कंप्यूटराइज मेजरमेंट के अनुसार पॉइंट 50 एम एल के डोज़ बच्चों को दिए जाएंगे ।जिससे कि उन पर ओवरडोज का खतरा नहीं होगा।
भारत बायोटेक से अच्छी खबर

कंपनी भारत बायोटेक के अनुसार बच्चों पर सभी ट्रायल की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है ।गौरतलब है कि डॉ अतुल अग्रवाल जो कि वैक्सीन साइंस के पूर्व राष्ट्रीय समन्वय और वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ हैं, उन्होंने यह कहा है कि 6 से 12 साल की उम्र वर्ग के बच्चों को को वैक्सीन हाथ में या जांघ पर कहां लगाया जाए इसके लिए जल्दी नेशनल टेक्नोलॉजी एडवाइजरी ग्रुप निर्णय लेगी ।
वयस्कों के ही तरह टीकाकरण के बाद बच्चों को निगरानी कक्ष में आधे घंटे तक के लिए रखा जाएगा जिससे कोई भी साइड इफेक्ट अगर हो तो उससे निपटने में आराम हो।










