लखनऊ 28 अगस्त: गौरतलब है की यूपी बोर्ड में कुल 1.44 लाख छात्र बिना अंक दिए पास किए गए हैं । वहीं बिना अंक के पास किए गए छात्रों के पास सबसे बड़ी मजबूरी यह है की उन्हे स्नातक में दाखिला नहीं मिल रहा, किस बीना पर वह दाखिला के लिए आवेदन करें सबसे बड़ी समस्या ये आ रही है उनके लिए । दाखिले के लिए अंक होना अनिवार्य है इसके तहत छात्रों में असमंजस का माहौल है।
माध्यमिक बोर्ड कर रही है बड़ा फैसला

गौरतलब है की अब इस विषय पर माध्यमिक बोर्ड बड़ा फैसला लेते हुए छात्रों को अंक वितरित करने की दिशा में कार्य कर रही है। इसके लिए पूर्ण दिशा निर्देश दे दिए गए हैं जिससे किसी भी छात्र के करियर पर दिक्कत नहीं आये । वहीँ उन्हें आसानी के साथ दाखिला मिल सके ।
बीना अंक के पास हुए छात्रों के आंकड़े
गौरतलब है की हाई स्कूल में 82238 और इंटरमीडिएट में कुल 62506 छात्रों को बिना अंक पास किया गया था।
आराधना शुक्ला का बयान

माध्यमिक शिक्षा विभाग की अपर सचिव आराधना शुक्ला के अनुसार अर्जुन शुक्ला ने बीते दिनों निर्देश जारी किया है कि सभी विभाग सुनिश्चित करें कि जिन विद्यार्थियों को बिना उनको के पास किया गया है उनके प्रवेश सुनिश्चित किया जाए, जिससे पढ़ाई में तकलीफ ना हो।
मुख्य दिक्कत
हाई स्कूल के छात्र को यह दिक्कत है कि अगर वह किसी दूसरे शहर क्षेत्र में जाकर एडमिशन लेना चाह रहे हैं तो उनके पास अंक नहीं है दिखाने के लिए इसकी वजह से उन्हें एडमिशन प्राप्त नहीं हो रहा ।वहीं सबसे अधिक दिक्कत है स्नातक में प्रवेश पाने वाले छात्रों को हो रही है ।क्योंकि उसके लिए कटऑफ जारी पहले ही सभी विश्वविद्यालयों ने कर दिया है । नंबर ना होने की स्थिति में उन्हें पता नहीं लग पा रहा है की वह कैसे आवेदन करें । पाठ्यक्रम में कटऑफ निर्धारित किया जाता है इन पाठ्यक्रमों में कटऑफ आधार पर प्रवेश होता है वहीँ अंक मुहैया ना होने की वजह से यह विद्यार्थी अप्लाई नहीं कर पा रहा है।










